प्रदूषण नियमों की अनदेखी पर कटनी की जय जगदंबे दाल मिल तत्काल बंद, बिजली कनेक्शन काटने के भी निर्देश
प्रदूषण नियंत्रण व्यवस्था स्थापित करने के बाद ही पुनः संचालन की अनुमति मिल सकेगी।
प्रदूषण नियंत्रण व्यवस्था स्थापित करने के बाद ही पुनः संचालन की अनुमति मिल सकेगी।

प्रदूषण नियमों की अनदेखी पर कटनी की जय जगदंबे दाल मिल तत्काल बंद, बिजली कनेक्शन काटने के भी निर्देश
सीएम हेल्पलाइन शिकायत पर निरीक्षण में पाया गया- बिना स्थापना अनुमति और प्रदूषण नियंत्रण उपकरणों के संचालन, कलेक्टर आशीष तिवारी के सख्त निर्देशों के तहत कार्रवाई
कटनी, 27 जनवरी 2026 – मध्य प्रदेश के कटनी जिले में प्रदूषण नियंत्रण के प्रति सख्त रुख अपनाते हुए जिला प्रशासन ने झिंझरी क्षेत्र स्थित मेसर्स श्री जय जगदंबे दाल मिल को तत्काल प्रभाव से बंद करने के आदेश जारी किए हैं।
यह कार्रवाई प्रदूषण नियमों के गंभीर उल्लंघन के आरोपों पर की गई है, जिससे आसपास के निवासियों को वायु प्रदूषण का सामना करना पड़ रहा था।जिला कलेक्टर आशीष तिवारी द्वारा प्रदूषण नियमों का उल्लंघन करने वाले औद्योगिक इकाइयों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे।
इसी क्रम में मध्य प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (MPPCB) के क्षेत्रीय अधिकारी सुधांशु तिवारी ने बताया कि मुख्यमंत्री हेल्पलाइन के माध्यम से मिल से होने वाले प्रदूषण की शिकायत प्राप्त हुई थी।22 जनवरी 2026 को सीएम हेल्पलाइन प्रभारी द्वारा मिल का स्थलीय निरीक्षण किया गया
। निरीक्षण में पाया गया कि:दाल मिल बिना प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से स्थापना अनुमति प्राप्त किए संचालित हो रही है।वायु (प्रदूषण निवारण एवं नियंत्रण) अधिनियम, 1981 और जल (प्रदूषण निवारण एवं नियंत्रण) अधिनियम, 1974 के तहत आवश्यक सहमति (Consent to Operate) और उसका नवीनीकरण नहीं कराया गया
।मिल में आवश्यक प्रदूषण नियंत्रण उपकरणों (जैसे डस्ट कलेक्टर, स्क्रबर आदि) का अभाव है, जिससे आसपास के इलाके में वायु प्रदूषण फैल रहा है।नियमों के अनुसार, किसी भी उद्योग को उत्पादन शुरू करने से पहले प्रदूषण नियंत्रण व्यवस्था स्थापित करना और उसका नियमित रखरखाव अनिवार्य है।
इन उल्लंघनों के आधार पर क्षेत्रीय अधिकारी सुधांशु तिवारी ने वायु प्रदूषण निवारण एवं नियंत्रण अधिनियम, 1981 की धारा 31-क के तहत मिल के संचालक जितेंद्र राय पंजवानी को दाल मिल का संचालन तत्काल प्रभाव से बंद करने के निर्देश दिए हैं।चेतावनी: यदि आदेश का पालन नहीं किया गया
तो अधिनियम की धारा 37(1) के तहत आपराधिक कार्रवाई की जाएगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी संचालक पर होगी।इसके अलावा, मध्य प्रदेश पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड, कटनी के अधीक्षण यंत्री को भी निर्देश दिए गए हैं कि वे अधिनियम की धारा 31-क के तहत मिल का विद्युत कनेक्शन तत्काल विच्छेदित (काट दें) करें।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि पर्यावरण नियमों का पालन न करने वाली कोई भी इकाई बख्शी नहीं जाएगी। मिल संचालक को अब सभी आवश्यक अनुमतियां प्राप्त करने और
प्रदूषण नियंत्रण व्यवस्था स्थापित करने के बाद ही पुनः संचालन की अनुमति मिल सकेगी।
