google1b86b3abb3c98565.html

10 वर्षीय मासूम की करंट लगने से दर्दनाक मौत, पड़ोसी की लापरवाही बनी काल

0

स्थानीय लोग पड़ोसी की लापरवाही को लेकर नाराज हैं और मांग कर रहे हैं कि ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में कोई और बच्चा इस तरह की लापरवाही का शिकार न बने।

कालविजयराघवगढ़ (कटनी), 29 मई 2026 — विजयराघवगढ़ थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर 10 में खेलते समय बिजली के करंट की चपेट में आने से 10 वर्षीय बालक की मौके पर ही मौत हो गई। पड़ोसी द्वारा लगाई गई लोहे की तार बाड़ी में बिजली का करंट फैलने के कारण यह हृदयविदारक हादसा हुआ है। पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है।घटना का विवरणवार्ड क्रमांक 10, रामबाग अखाड़ा मोहल्ला निवासी सुनील कोल का 10 वर्षीय पुत्र प्रतीक शुक्रवार को घर के पास खेल रहा था। पड़ोसी ने सुरक्षा के लिए लोहे की तारों से बाड़ी (जाली) लगाई थी।

बताया जा रहा है कि पड़ोसी के घर से खींचा गया बिजली का तार कहीं से कट गया था, जिसकी वजह से पूरी तार बाड़ी में तेज करंट प्रवाहित हो रहा था।खेलते हुए प्रतीक जैसे ही इस बाड़ी के संपर्क में आया, वह करंट की चपेट में आ गया और तड़प-तड़प कर मौके पर ही दम तोड़ दिया।पुलिस और विद्युत विभाग पहुंचा मौके परघटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोगों की भीड़ जुट गई। विजयराघवगढ़ पुलिस और विद्युत विभाग की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने बिजली सप्लाई बंद करवाकर शव को कब्जे में लिया।शव का पंचनामा तैयार कर पोस्टमॉर्टम के लिए सिविल अस्पताल विजयराघवगढ़ भेजा गया।

पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया।जांच शुरू, मर्ग कायमविजयराघवगढ़ पुलिस ने इस मामले में मर्ग प्रकरण दर्ज कर लिया है। पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि तार बाड़ी में करंट किसकी लापरवाही से फैला। दोषी पाए जाने पर संबंधित व्यक्ति के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।विधायक ने जताया शोकइस दुखद घटना पर क्षेत्रीय विधायक संजय सत्येंद्र पाठक ने गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए ईश्वर से उन्हें इस असहनीय दर्द को सहन करने की शक्ति देने की प्रार्थना की।परिजनों का रो-रोकर बुरा हालप्रतीक की अचानक मौत से पूरा परिवार सदमे में है। मासूम की मौत ने पूरे मोहल्ले को झकझोर दिया है।

स्थानीय लोग पड़ोसी की लापरवाही को लेकर नाराज हैं और मांग कर रहे हैं कि ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में कोई और बच्चा इस तरह की लापरवाही का शिकार न बने।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *