40 किमी दूर खरीदी केंद्र से भड़के रीठी के किसान, पटेहरा तिराहे पर चक्का जाम
छोटे किसानों की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए प्रशासन को जल्द कार्रवाई करनी चाहिए।
छोटे किसानों की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए प्रशासन को जल्द कार्रवाई करनी चाहिए।

कटनी। जिले के रीठी तहसील क्षेत्र में किसानों का गुस्सा फूट पड़ा। सैकड़ों किसानों ने गेहूं खरीदी केंद्र को लेकर कटनी-दमोह मुख्य मार्ग के पटेहरा तिराहे पर चक्का जाम कर दिया, जिससे यातायात पूरी तरह से ठप हो गया।मुख्य मांग और समस्याकिसानों की मुख्य शिकायत यह है कि रीठी क्षेत्र का मुहांस गेहूं खरीदी केंद्र बंद कर दिया गया है और अब खरीदी को करीब 40 किलोमीटर दूर बाकल संयोलो (पटोरी सायलो) केंद्र से जोड़ दिया गया है। इससे छोटे-सीमांत किसानों को अपनी फसल ढोने में भारी आर्थिक और शारीरिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
परिवहन खर्च बढ़ने, समय की बर्बादी और श्रम के बोझ से किसान काफी नाराज हैं।पहले की चेतावनीइससे पहले किसानों ने तहसीलदार रीठी और थाना प्रभारी को कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा था। ज्ञापन में स्पष्ट चेतावनी दी गई थी कि अगर मांग पूरी नहीं हुई तो वे सड़क पर उतरकर आंदोलन करेंगे। लेकिन प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं होने पर किसान आज सड़क पर उतर आए।प्रदर्शनकारियों का कहना है कि इतनी दूर फसल ले जाना उनके लिए असंभव है।
वे मांग कर रहे हैं कि रीठी क्षेत्र में ही नया खरीदी केंद्र स्थापित किया जाए या मुहांस केंद्र को तुरंत बहाल किया जाए।मौजूदा स्थितिफिलहाल मौके पर प्रशासनिक अधिकारी पहुंचे हुए हैं और किसानों को समझाने की कोशिश कर रहे हैं। हालांकि किसान अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं और चक्का जाम जारी रखे हुए हैं।अब सवाल यह है कि प्रशासन इस समस्या का कितनी जल्दी समाधान निकाल पाता है, वरना आंदोलन और बड़ा रूप ले सकता है।यह घटना मध्य प्रदेश में चल रही गेहूं खरीदी व्यवस्था में स्थानीय स्तर पर हो रही दिक्कतों को उजागर करती है।
छोटे किसानों की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए प्रशासन को जल्द कार्रवाई करनी चाहिए।
