कटनी के जेपीवी डीएवी स्कूल में भीषण आग, कंप्यूटर लैब जलकर राखबच्चे स्कूल में होते तो बड़ा हादसा हो सकता था, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
फिलहाल आग पूरी तरह बुझा दी गई है और स्थिति नियंत्रण में है।
फिलहाल आग पूरी तरह बुझा दी गई है और स्थिति नियंत्रण में है।

कटनी (मध्य प्रदेश): कुठला थाना क्षेत्र स्थित जमुना प्रसाद विश्वकर्मा (जेपीवी) डीएवी पब्लिक हायर सेकेंडरी स्कूल में गुरुवार सुबह अचानक लगी भीषण आग ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया। आग इतनी तेजी से फैली कि स्कूल का कंप्यूटर लैब पूरी तरह जलकर राख हो गया, जबकि कई अन्य कक्ष भी आग की चपेट में आ गए।सुबह करीब 10:30 बजे स्कूल परिसर से धुआं उठता देख प्रत्यक्षदर्शियों ने तुरंत सूचना दी। सूचना मिलते ही बस स्टैंड जोन से दमकल की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं।
दो दमकल वाहनों की मदद से कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। तब तक कंप्यूटर लैब सहित कई कमरों में रखा फर्नीचर, कंप्यूटर उपकरण और महत्वपूर्ण शैक्षणिक दस्तावेज जलकर स्वाहा हो चुके थे। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार नुकसान लाखों रुपये में बताए जा रहे हैं।सबसे बड़ी राहत: इस घटना में किसी भी छात्र, छात्रा या स्टाफ सदस्य की जान नहीं गई। स्कूल में मौजूद सभी लोग सुरक्षित हैं।अगर बच्चे कक्षाओं में होते तो…प्रत्यक्षदर्शी और स्थानीय लोग इस बात पर सहमत हैं
कि यदि आग उस समय लगती जब कक्षाओं में छात्रों की भारी संख्या होती, तो स्थिति अत्यंत भयावह हो सकती थी। इस घटना ने स्कूल की फायर सेफ्टी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।नियमों के अनुसार स्कूलों में अग्निशमन उपकरण, फायर अलार्म, निकासी के पर्याप्त रास्ते और नियमित फायर ऑडिट अनिवार्य होते हैं, लेकिन यहां ये इंतजाम नाकाफी साबित हुए। आग पर काबू पाने में दमकल विभाग पर पूरी तरह निर्भर रहना पड़ा।कारण और जांचप्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट से आग लगने की आशंका जताई जा रही है।
हालांकि, आग लगने के सही कारण का अभी तक खुलासा नहीं हुआ है। पुलिस और संबंधित विभागों द्वारा मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है।घटना के बाद अभिभावकों और स्थानीय नागरिकों में काफी आक्रोश है। लोगों की मांग है कि जिले के सभी स्कूलों में तुरंत फायर सेफ्टी ऑडिट कराया जाए और लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
फिलहाल आग पूरी तरह बुझा दी गई है और स्थिति नियंत्रण में है।
