कटनी (मध्य प्रदेश), 15 मार्च 2026: आदिवासी समुदाय पर हमले का मामला सामने आया है, जिसमें अवैध खनन की शिकायत करने के बाद रात के अंधेरे में हमलावरों ने निर्दयी मारपीट की। घटना कटनी जिले के कुठला थाना क्षेत्र अंतर्गत कन्हवारा गांव में हुई, जहां स्थानीय आदिवासी परिवारों ने वन विभाग को अवैध उत्खनन (illegal mining) की जानकारी दी थी।
पीड़ितों के अनुसार, देर रात गाड़ियों में सवार होकर आए अज्ञात हमलावरों ने अचानक उनके घरों पर धावा बोल दिया। लाठियों, डंडों और अन्य हथियारों से जमकर पीटने के कारण कई आदिवासियों को गंभीर चोटें आईं। पीड़ितों में सुखदेव उर्फ भूरा कोल,गोरे लाल कोल, केश कली कोल, गुड्डू दाहिया सहित आधा दर्जन से अधिक लोग शामिल हैं।
शिकायत में तीन आरोपियों के नाम स्पष्ट रूप से दिए गए हैं—दीपक परिहार (निवासी जटवारा), लखन साहू और अभिषेक पटेल बाकी हमलावरों को पीड़ित अभी तक पहचान नहीं पाए हैं। पीड़ितों का दावा है कि यह हमला अवैध खनन माफिया द्वारा उनकी शिकायत से उत्पन्न बदले की कार्रवाई है।
एक पीड़ित ने बताया, “हम जंगल से लकड़ियां बीनने जाते हैं तो वन विभाग हमारी टोकरी (बका) छीन लेता है, लेकिन खुले आम अवैध खनन चल रहा है और कोई कार्रवाई नहीं होती। जब हमने शिकायत की, तो रात में ही हम पर हमला कर दिया गया।”
यह घटना गांव में दहशत का माहौल पैदा कर रही है। आदिवासी समुदाय का कहना है कि वे अब जंगल जाने से डर रहे हैं और अपनी सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं।
पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आरोपियों की तलाश जारी है और प्रशासन से सख्त कार्रवाई की उम्मीद जताई जा रही है।
यह हादसा कटनी जिले में सड़क सुरक्षा को लेकर एक बार फिर सवाल खड़ा करता…
पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में कानून व्यवस्था बनाए रखने और नागरिकों की सुरक्षा…
परिवार ने प्रशासन से जल्द से जल्द मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की…
पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है। अपराधी की गिरफ्तारी के लिए छानबीन जारी…
सुरक्षा के मद्देनजर इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
द्वितीय एवं तृतीय किश्त के लिए फोटोग्राफ, माप पुस्तिका की प्रतिलिपि सहित अनिवार्य दस्तावेज प्रस्तुत…
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